Thursday , 4 March 2021

हरि बाल गृह

बालगृह मे 07 से 18 वर्ष के ’’देखरेख और संरक्षण के लिये जरूरतमंद बालकों’’ को रखा जाता है। यहाॅ इन बालकों को भरण पोषण, उपचार, शिक्षण, प्रशिक्षण, की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती है। इसके अतिरिक्त पारिवारिक एवं व्यावसायिक पुर्नवास कर समाज की मुख्यधारा में सम्मिलित करने का कार्य भी किया जाता है। बालगृह मे अनाथ तथा बेसाहारा बालकों के रखने के लिए व्यवस्था की गई है
किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम, 2015 के प्रावधानों अनुसार कठिन परिस्थितियों में रहने वाले तथा विधि विवादित बालकों के समग्र कल्याण एवं पुर्नवास हेतु समेकित बाल संरक्षण योजना प्रारम्भ की गई है। यह योजना बाल अधिकार संरक्षण और सर्वाेत्तम बालहित के दिशा निर्देशक सिद्धान्तों पर आधारित है।

संचालित गतिविधियाॅः-

जिले मे गठित बाल कल्याण समिति के आदेशानुसार बालकों को प्रवेश दिया जाता है। प्रवेशित बालकों के देखरेख और संरक्षण हेतु संस्था द्वारा कार्य किया जाता है। संस्था द्वारा बालकों के चिकित्सीय देखभाल, शैक्षणिक आवश्यकताओं तथा व्यावसायिक प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाता है। इन बालकों के स्वास्थ, शिक्षा, पोषण तथा प्रशिक्षण हेतु कार्यक्रम आयोजित किये जाते है एवं दत्तक ग्रहण में भी दिया जाता है।

आप दान करना चाहे तो दान कर सकते है क्योकि आपका एक प्रयास किसी बच्चे का भविष्य बदल सकता है।

पता: यूनिवर्सिटी रोड गायत्री नगर रीवा (म0प्र0)